धमतरी। गंगरेल के मानव वन और शिवा रिसॉर्ट के बीच दिसंबर 2024 में मिले बीरेंद्र देवांगन के शव के मामले में न्यायालय ने आरोपी खुशवंत उर्फ खूबू साहू को हत्या का दोषी ठहराते हुए आजीवन सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी पर 500 रुपये अर्थदंड भी लगाया गया है।
3 दिसंबर 2024 को बीरेंद्र के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज हुई थी। तलाश के दौरान उसकी मोटरसाइकिल गंगरेल रोड पर लावारिस मिली। 6 दिसंबर को मानव वन और शिवा रिसॉर्ट के बीच उसका शव बरामद हुआ। पोस्टमार्टम में हत्या की आशंका के बाद रूद्री पुलिस और साइबर टीम ने CCTV, तकनीकी साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई।
जांच में धनोरा निवासी खुशवंत उर्फ खूबू साहू की संलिप्तता सामने आई। पुलिस के अनुसार, पुरानी रंजिश में आरोपी ने बीरेंद्र के सिर पर हेलमेट से वार कर उसकी हत्या की थी।
27 अगस्त को फैसला: अपर सत्र न्यायालय धमतरी ने परिस्थितिजन्य साक्ष्य, CCTV फुटेज और गवाहों के बयानों के आधार पर आरोपी को दोषी ठहराया। अर्थदंड नहीं देने पर छह माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा।
बेहतर विवेचना पर सम्मान: पुलिस अधीक्षक भावना पांडेय द्वारा मामले की प्रभावी विवेचना के लिए तत्कालीन थाना प्रभारी अमित बघेल, उप निरीक्षक लक्ष्मीकांत शुक्ला और सहायक उप निरीक्षक घनश्याम वर्मा को पुरस्कृत किया जाएगा।
0 Comments